निर्वैयक्तिकता का सिद्धांत
इलियट बीसवीं शताब्दी के अंग्रेजी के सर्वश्रेष्ठ कवि और आलोचक थे। कॉलरिज के बाद इलियट का ही नाम आता है। इलियट ने स्वयं को क्लासिकवादी कहा है। क्लासिक से उनका मतलब था ‘परिपक्वता’ या ‘प्रौढ़ता’ । क्लासिकवाद के लिए उन्होंने मस्तिष्क की प्रौढ़ता, शरीर की प्रौढ़ता और भाषा की प्रौढ़ता को आवश्यक माना है। मस्तिष्क … Read more