साकेत में नारी-चित्रण / नारी भावना
हिंदी साहित्य में मैथिलीशरण गुप्त का स्थान राष्ट्रीय कवि के रूप में प्रतिष्ठित है। उन्होंने अपनी कविताओं में देशभक्ति, नीति, धर्म, और मानवता के साथ-साथ नारी की संवेदना को भी अत्यंत मार्मिक ढंग से व्यक्त किया। उनके काव्य ‘साकेत’ में यह नारी भावना अपनी चरम अभिव्यक्ति प्राप्त करती है। ‘साकेत’ केवल रामकथा नहीं है; यह … Read more